नर्मदापुरम/ प्रदीप गुप्ता / पृथ्वी के अपने अक्ष पर झुके हुये सूर्य की परिक्रमा करते रहने से साल में दो इक्वीनॉक्स आते हैं, जिनमें से पहला आज है। इसके बारे में जानकारी देते हुये नेशनल अवार्ड प्राप्त विज्ञान प्रसारक सारिका घारू ने विद्या विज्ञान कार्यक्रम के अंतर्गत बताया कि पृथ्वी के भूमध्य रेखा के उपर एक काल्पनिक रेखा पर आज सूर्य की स्थिति आ जाती है। आज पृथ्वी की धुरी न तो सूर्य की ओर झुकी है और न ही दूर है। इस कारण यह सूर्य की किरणों के लम्बवत है। आज के दिन सूर्योदय ठीक पूर्व दिशा में होगा तथा सूर्यास्त ठीक पश्चिम दिशा मे होगा। सारिका ने बताया कि सोशल मीडिया में आज दिन और रात बराबर होने की बात कही जाती है जबकि दिन की अवधि आज रात से लगभग 7 मिनिट अधिक है। दिन -रात बराबर होने की घटना इसके कुछ दिन पहले हो चुकी है। सारिका ने बताया कि एक अन्य भ्रांति यह है कि आज के दिन अंडा अपने सिरे पर खड़ा हो जाता है जबकि यह इसे अभ्यास करके साल के हर दिन खड़े किया जा सकता है। मार्च इक्वीनॉक्स की यह घटना 19 , 20 या 21 मार्च को होती है। इस साल यह 21 मार्च को हो रही है।
सन 2022 20 मार्च
सन 2023 21 मार्च
सन 2024 20 मार्च
स्थान सूर्यादय सूर्यास्त दिन की अवधि
नर्मदापुरम 6ः22 06ः30 12 घंटे 07 मिनिट
भोपाल 06ः24 06ः31 12 घंटे 07 मिनिट

