नर्मदापुरम/ प्रदीप गुप्ता /न्यायालय पाॅक्सो एक्ट, नर्मदापुरम के न्यायालय द्वारा आरोपी सुरेंद्र उर्फ प्रवीण को धारा- 5ठ/6 में पाॅक्सो एक्ट में 20 वर्ष सश्रम कारावास एवं 3,000 रूपये अर्थदंड से दंडित किया। प्रकरण में जिला अभियोजन अधिकारी राजकुमार नेमा ने बताया कि घटना दिनांक 19.04.2019 को नाबालिग बालिका अपने परिवार माता-पिता के साथ भंडारे में अपने रिश्तेदार के यहां नर्मदापुरम गयी थी। भंडारे के बाद अपनी दीदी के घर चली गयी थी, रात में दीदी के घर में रात करीब 12 बजे बाथरूम के लिये उठी और अकेली ही मकान के पीछे बाथरूम में चली गयी थी, पास ही रहने वाला आरोपी सुरेन्द्र उर्फ प्रवीण वहाॅ आया और उसे जबरदस्ती घर के पीछे ले जाकर बलात्कार किया और बोला मेरे बारे में किसी को बताया तो तुझे जान से खत्म कर दूंगा। जिससे वह बहुत डर गयी थी। दिनांक 31.03.2021 के 15 दिन पहले भी आरोपी ने गलत काम किया था और धमकी दी थी कि इसके बारे में किसी को बताया तो जान से खत्म कर दूंगा। नाबालिग द्वारा उक्त घटना की रिपोर्ट थाना-बाबई में दर्ज करायी। संपूर्ण विवेचना उपरांत अभियोग पत्र न्यायालय में पेश किया। उक्त प्रकरण में विचारण उपरांत विशेष न्यायालय पाॅक्सो एक्ट, नर्मदापुरम द्वारा अभियुक्त को उक्त घटना में दोषी पाकर धारा- 376(2)(एन) भादवि एवं 5ठ/6 में पाॅक्सो एक्ट में 20 वर्ष के सश्रम कारावास एवं अर्थदंड 3000 रूपये अर्थदंड से दंडित किया। प्रकरण में शासन की ओर से विशेष लोक अभियोजक लखन सिंह भवेदी, जिला-नर्मदापुरम द्वारा सशक्त पैरवी की गई।

