नर्मदापुरम/ प्रदीप गुप्ता/ विशेष न्यायालय पाॅक्सो एक्ट के न्यायालय द्वारा आरोपी राजेश आर्या को धारा- 9/10 पाॅक्सो एक्ट में 05 वर्ष सश्रम कारावास एवं 3000 रूपये अर्थदंड से दंडित किया। प्रकरण में जिला अभियोजन अधिकारी राजकुमार नेमा ने बताया कि घटना दिनांक 27-01-2021 को आरोपी राजेश आर्या ने आनलाईन क्लास में सभी विघार्थीयों को बोला था कि आप लोग प्रेक्टीकल के लिये कालेज आ जाना तो अभियोक्त्री उम्र 17 वर्ष दिनांक 28-01-2021 को कालेज गयी। दोपहर करीब 02.00 बजे की बात है राजेश आर्या ने बुक्स देने के बाहने लेब लेकर गये जहां कोई नही था फिर मुझे अकेला पाकर गलत नियत से हाथ पकड लिया और मुझे ईधर उधर छूने लगे जो मैने उन्हे बोला कि ऐसी हरकत मत करो तो वहां मुझे बोलने लगा कि यह बात किसी को मत बताना फिर मै वहां से चली गयी और यह घटना अभियोक्त्री ने घर में मौसी एवं नानी को बताई फिर दूसरे दिन थाना केसला में रिपोर्ट की, कि उसके कालेज के प्रोफेसर राजेश आर्या द्वारा उसके साथ गलत नियत से छेडछाड की। रिपोर्ट के आधार पर अपराध धारा 354 भादवि , 9(च)/10 पास्को एक्ट का पाया जाने से अपराध पंजीबध्द कर विवेचना में लिया गया। संपूर्ण विवेचना उपरांत अभियोग पत्र न्यायालय में पेश किया। उक्त प्रकरण में विचारण उपरांत विशेष न्यायालय पाॅक्सो एक्ट, नर्मदापुरम द्वारा अभियुक्त को उक्त घटना में दोषी पाकर धारा- 9/10 पाॅक्सो एक्ट में 05 वर्ष के सश्रम कारावास एवं 2000 रूपये अर्थदंड तथा धारा- 354 भा.द.वि. में 1 वर्ष सश्रम कारावास तथा 1000/- अर्थदण्ड से दंडित किया। प्रकरण में शासन की ओर से विषेष लोक अभियोजक लखन सिंह भवेदी, जिला-नर्मदापुरम द्वारा पैरवी की गई।

