प्रदीप गुप्ता/ नर्मदापुरम /दिनांक 31/01/2023 की रात पुराना फॉरेस्ट भवन ग्राम झालई से गुमशुदा लड़की मण्डीदीप में अपने पुरूष मित्र के साथ मिल गई है। लड़की के पिता ने दिनांक 02/02/2023 को थाना केसला में अपनी पुत्री के गुमशुदा होने की सूचना दी थी। इसी दौरान दिनांक 08/02/2023 को लड़की के पिता ने थाना केसला में एक आवेदन पत्र प्रस्तुत कर वन विभाग के डिप्टी रेंजर राजेन्द्र मिश्रा पर अपनी पुत्री के साथ बलात्कार कर उसकी हत्या कर लाश छिपा देने के गंभीर आरोप लगाये थे । उक्त आवेदन पत्र से मीडिया तथा प्रशासनिक एवं राजनितिक हल्को में हलचल मच गई थी यहां तक की आदिवासी समाज के प्रतिनिधियो द्वारा थाना प्रभारी केसला के समक्ष ज्ञापन प्रस्तुत कर थाना घेराव व उग्र आंदोलन करने की भी चेतावनी दे डाली थीं।मामले की गंभीरता को समझते हुये पुलिस अधीक्षक डॉ. गुरूकरन सिंह ने थाना प्रभारी केसला आशीष सिंह पवार को कुछ निर्देश देकर पुलिस पार्टी गठित की। पुलिस पार्टी ने आधुनिक एवं परम्परागत तरीके से गुमशुदा की खोज मे रात दिन एक कर दिया । पुलिस की मेहनत रंग लाई। आज दिनांक 09/02/2023 की सुबह पुलिस की टीम ने गुमशुदा बालिका को उसके पुरूष मित्र के साथ मण्डीदीप में पकड़ लिया। बालिका ने पूछताछ के दौरान बताया कि वह 12 तक पढ़ी लिखी है, उसकी उम्र 19 वर्ष है। वह अपनी इच्छा से अपने पुरूष मित्र के साथ मण्डीदीप आई है। दोनो ने मंदिर में एक दूसरे को माला डालकर विवाह करना तथा भविष्य में अपने पुरूष मित्र के साथ रहने की इच्छा अपने बयानों में बतायी है। गुमशुदा ने साफ शब्दो में बताया कि इस पूरी घटना से डिप्टी रेंजर राजेन्द्र प्रसाद मिश्रा का कोई लेना देना नहीं है। उसके पिता ने राजेन्द्र मिश्रा पर जो आरोप लगाये है वे नितांत झूठे है। इस कार्यवाही में थाना केसला के थाना प्रभारी निरीक्षक आशीष सिंह पवार • कार्य. उनि एम. एल. सूर्यवंशी, आर. 213 मनोज डोंगरे, आर. 389 प्रेम बड़ोदे, म. आर. 885 जया लहरे तथा साइबर सेल प्रभारी निरीक्षक सुरेश फरकले एवं आर. अभिषेक नरवरिया की भूमिका सराहनीय रही है।

