प्रदीप गुप्ता/ नर्मदापुरम/आदिवासी जनजाग्रति पदयात्रा के समापन के अवसर पर हजारों कि संख्या में जिले व विभिन्न प्रदेशों के आदिवासी सगाज़नों ने अपनी उपस्थिति दी थी। नर्मदापुरम जिले में इस तेरह दिवसीय पदयात्रा में सैकड़ों की संख्या में स्थानीय समस्यायं मौखिक एवं लिखित रूप में पदयात्री समूह के समक्ष आई है । सभी आवेदनों को विधिवत सूचीबद्ध किया गया एवं विभागवार छटनी का कार्य किया गया, साठ प्रतिशत समस्या राजस्व एवं पंचायत विभाग से सम्बंधित हैँ। आदिवासी जनजाग्रति एवं जनसम्पर्क पदयात्रा के मुख्य सदस्यों द्वारा समस्याओं के निराकरण के लिए प्राप्त आवेदनों कि एक प्रति जिला कलेक्टर को सौपी दी है। जिसमें जनहित की 176 गांवों की समस्यायें हैँ साथ ही 422 व्यक्ति विशेष की समस्याओं को भी संलग्न किया गया है। आदिवासी जनसम्पर्क एवं जनजाग्रति पदयात्रा के प्रथम पदयात्री रहे अधिवक्ता विक्रम परते ने बुधवार को महामहिम राज्यपाल सुश्री अनुसूईया उइके से भेंट कर आवेदन की एक प्रति सौपी है। अधिवक्ता विक्रम परते ने बताया की महामहिम राज्यपाल द्वारा पदयात्री समूह को पूरे एक घंटे का समय चर्चा हेतु दिया। उन्होंने बुधवार एवं गुरूवार दोनों दिवस समय दिया ओर सभी महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की ओर यह आश्वाशन भी दिया है कि यदि जिला प्रशासन आवेदनों के निराकरण पर गंभीरता नहीं दिखाता है, तो वह स्वयं मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से चर्चा करेंगी महामहिम से मुलाकात में प्रफुल्ल उईके, अभिषेक उईके, बलराम उईके, मंगल ठाकुर, राहुल कुवरे शामिल रहे।

