
इटारसी / MPEB की टीम ने सोना सावरी नाके पर सुरेश साहू के परिसर पर स्थापित स्मार्ट मीटर की जांच की। यह जांच कांग्रेस के पदाधिकारी एवं अख़बार में छपी रिपोर्ट को सत्यापित करने के लिए उप महाप्रबंधक इटारसी के निर्देश पर की गई। जांच के दौरान MPEB टीम ने पुराने इलेक्ट्रॉनिक मीटर के साथ उपभोक्ता के परिसर पर मीटर चेक करने के लिए हीटर के साथ 3 मीटर लगाए। इनमें पहला स्मार्ट मीटर, दूसरा उपभोक्ता का मीटर और तीसरा इलेक्ट्रॉनिक मीटर था, जिसकी मांग उपभोक्ता द्वारा की गई थी।
*जांच के मुख्य बिंदु:*
– *मीटर टेस्टिंग*: MPEB टीम ने हीटर के लोड पर एक घंटा मीटर को टेस्ट किया, जिसमें स्थानीय लोगों की उपस्थिति में सारी प्रक्रिया की गई। मौके पर अन्य स्थानीय लोग भी मौजूद थे और उनकी मौजूदगी में टेस्टिंग की प्रक्रिया संपादित की गई।
– *मीटर की गति*: टेस्ट में पाया गया कि उपभोक्ता का मीटर स्लो आया, जबकि स्मार्ट मीटर और अन्य चेक मीटर में रीडिंग बराबर पाई गई। मीटर प्रथम दृष्टया स्लो पाए जाने के पश्चात, लोगों द्वारा विवाद उत्पन्न किया गया।
– *मीटर लैब जांच हेतु आग्रह*: MPEB टीम ने अग्रिम कार्रवाई के लिए मीटर निकालने का प्रयास किया, लेकिन उपभोक्ता ने मना कर दिया। वर्तमान स्थिति में दोनों मीटर उपभोक्ता के परिसर पर लगे हुए हैं।
– *अन्य परिसरों में टेस्ट मीटर*: अन्य परिसरों में भी MPEB द्वारा टेस्ट मीटर लगाए गए थे जो की सही पाए गए थे। MPEB की टीम वहां पर मीटर चेक करने हेतु गई थी, न कि स्मार्ट मीटर स्थापित करने.
यह जांच इसलिए की गई थी ताकि स्मार्ट मीटर की सटीकता की जांच की जा सके और उपभोक्ताओं को सही बिलिंग सुनिश्चित की जा सके। जांच के दौरान स्थानीय लोगों की उपस्थिति ने पारदर्शिता और निष्पक्षता को सुनिश्चित किया।

