
नर्मदापुरम / नर्मदापुरम-इटारसी के संयुक्त विकास को लेकर वर्षों से उठती आवाज़ अब हकीकत के करीब दिखाई दे रही है। विधानसभा सत्र में विधायक डॉ. सीतासरन शर्मा द्वारा उठाए गए ‘शहरी विकास प्राधिकरण’ गठन के प्रस्ताव को सरकार की ओर से सकारात्मक संकेत मिले हैं।
डॉ. शर्मा ने सदन में कहा कि नर्मदापुरम और इटारसी का सामाजिक, भौगोलिक और आर्थिक रिश्ता बेहद गहरा है। “इटारसी प्रदेश का वाणिज्यिक हब है और नर्मदापुरम जिला मुख्यालय दोनों को एक प्रशासनिक ढांचे में लाकर योजनाओं का क्रियान्वयन तेज और व्यवस्थित किया जा सकता है।”
*मुख्यमंत्री और मंत्री से सहमति*
डॉ. शर्मा ने बताया कि इस विषय पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से चर्चा के दौरान सहमति मिल चुकी है। वहीं, नगरीय निकाय मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने विधानसभा में आश्वासन दिया कि प्रस्ताव का शीघ्र परीक्षण कर आगामी कार्रवाई की जाएगी। इससे न केवल सुव्यवस्थित विकास को गति मिलेगी, बल्कि नर्मदापुरम-इटारसी को नई पहचान भी मिल सकती है।

