टीकमगढ़। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय भारत सरकार के अंतर्गत समेकित क्षेत्रीय कौशल विकास, पुनर्वास एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण केंद्र सी.आर.सी.छतरपुर तथा अ. या. जं. रा. वा. श्र. दि. सं., मुंबई के प्रशासनिक नियंत्रणाधीन द्वारा जिला प्रशासन टीकमगढ़ के सहयोग से मानस मंच किले का मैदान घंटा घर के पास पर्पल फेयर का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ केंद्रीय मंत्री सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय भारत सरकार डॉ वीरेंद्र कुमार ने दिव्यांगजनों द्वारा निर्मित प्रदर्शनी के अवलोकन के साथ ही दीप प्रज्ज्वलन एवं दिव्यांग बच्चों के समूह द्वारा सरस्वती वंदना के साथ किया। इस अवसर पर विवेक चतुर्वेदी, सांसद प्रतिनिधि अनुराग वर्मा सहित अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। कार्यक्रम में केन्द्रीय मंत्री डॉ. वीरेंद्र कुमार ने दिव्यांग कलाकारों की प्रस्तुतियाँ देखकर गहरी प्रसन्नता व्यक्त की और समेकित कलाकारों को आशीर्वाद, बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने मंच से सीआरसी छतरपुर के प्रयासों की खुलकर सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन निरंतर होते रहने चाहिए, क्योंकि यही कार्यक्रम दिव्यांगजनों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ते हैं और आत्मविश्वास प्रदान करते हैं। उन्होंने सी आर सी को आगे भी इसी प्रतिबद्धता के साथ कार्य करते रहने के लिए प्रेरित किया। इस दौरान दिव्यांग प्रतिभागियों द्वारा प्रस्तुत रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने पूरे मंच को ऊर्जा, संवेदना और प्रेरणा से भर दिया। दिव्यांग प्रतिभागियों की प्रस्तुतियां दृष्टि बाधित बच्चों द्वारा एकल गायन, समूह गायन, बौद्धिक दिव्यांग बच्चों द्वारा सामूहिक नृत्य प्रस्तुतियाँ ने यह सिद्ध कर दिया कि प्रतिभा किसी शारीरिक सीमा की मोहताज नहीं होती। कार्यक्रम का सबसे प्रेरणादायी क्षण तब आया, जब दिव्यांग प्रतिभागी सुशील कैथल द्वारा संदेशे आते हैं का गायन किया एवं दृष्टि बाधित दिव्यांग संतोष वासुदेव जी द्वारा बुंदेलखंड लोकगीत की प्रस्तुति दी गई इसके उपरांत दुनिया के दिव्यांग हीरो ग्रुप द्वारा रैम्प वॉक व नृत्य प्रस्तुत कर साहस, संतुलन और आत्मविश्वास का अद्भुत प्रदर्शन किया। यह प्रस्तुति दर्शकों के लिए भावनात्मक और प्रेरक अनुभव बन गई। इस अवसर पर एडिप योजना के अंतर्गत 57 दिव्यांग हितग्राहियों को मोट्रेट ट्राइसाइकिल, व्हीलचेयर, ट्राइसाइकिल, बैसाखी सहित अन्य आवश्यक सहायक उपकरण वितरित किए गए। ये उपकरण दिव्यांगजनों के लिए आत्मनिर्भर जीवन की दिशा में एक सशक्त कदम हैं। सीआरसी छतरपुर के निदेशक श्री राजमणि पाल ने अतिथियों का स्वागत करते हुए केंद्र द्वारा संचालित योजनाओं, प्रशिक्षण एवं पुनर्वास गतिविधियों की जानकारी दी। कार्यक्रम के समापन अवसर पर उप संचालक, सामाजिक न्याय विभाग टीकमगढ़ श्री सौरभ तिवारी द्वारा आभार व्यक्त किया गया। इस आयोजन में 66 दिव्यांगजनों द्वारा 27 सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ दी गईं। कार्यक्रम में लगभग 350 से अधिक दिव्यांगजन एवं 300 सामान्य नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम में शिक्षा विभाग टीकमगढ़, डीडीआरसी टीकमगढ़, निर्वाना फाउंडेशन छतरपुर, प्रगतिशील दिव्यांग संसार छतरपुर, ब्रिज स्पेशल किड्स केयर एकेडमी एवं बूेद छात्रावास टीकमगढ़, स्वास्थ्य विभाग, सहित विभिन्न संस्थानों द्वारा विशेष सहयोग प्रदान किया गया। इस अवसर पर सीआरसी छतरपुर के बिलाल शाह, मुकेश कुमार पटेल कार्यक्रम समन्वयक, प्रीति यादव, आकांक्षा पटेल, आकाश साहू, अभिषेक नायक, बहादुर पटेल सहित सीआरसी एवं पीएमडीके छतरपुर के समस्त स्टाफ एवं सामाजिक न्याय विभाग के कर्मचारियों का सराहनीय योगदान रहा। पर्पल फेयर टीकमगढ़ तालियों के बीच संपन्न हुआ, परंतु इसका संदेश दूर तक गया। टीकमगढ़ ने उस दिन केवल एक आयोजन नहीं देखा, बल्कि एक समावेशी, संवेदनशील और सशक्त समाज की दिशा में बढ़ते कदम को साकार होते देखा।

