बड़ी खबर: भाजपा पार्षद पुत्र पर हमला करने वाले आरोपी गोल्डी की जमानत याचिका न्यायालय ने की खारिज, कोर्ट परिसर में रही गहमा-गहमी I
इटारसी: स्थानीय फोरलेन स्थित यादव ढाबे के संचालक और भाजपा पार्षद पुत्र आकाश यादव पर जानलेवा हमला करने वाले आरोपियों में से एक, गोल्डी की जमानत याचिका को माननीय न्यायालय ने गंभीरता से लेते हुए खारिज कर दिया है। इस फैसले के बाद न्यायालय परिसर में दिनभर गहमा-गहमी का माहौल बना रहा।
⚖️ शासकीय अधिवक्ता ने दर्ज कराई घोर आपत्ति
आज मामले की सुनवाई के दौरान आरोपी गोल्डी के वकील द्वारा न्यायालय के समक्ष जमानत याचिका का आवेदन प्रस्तुत किया गया था। इस पर पीड़ित पक्ष की ओर से पैरवी कर रहे शासकीय अधिवक्ता भूरे सिंह भदौरिया ने आरोपी की जमानत का कड़ा विरोध किया। उन्होंने न्यायालय के सामने घोर आपत्ति दर्ज कराते हुए आरोपी को किसी भी सूरत में जमानत न देने की दलील रखी।
“माफी के लायक नहीं है ऐसी गुंडागर्दी”
शासकीय अधिवक्ता भूरे सिंह भदौरिया ने मामले की जानकारी देते हुए बताया:
“आरोपी गोल्डी द्वारा सरेराह जिस तरह की गुंडागर्दी और जानलेवा कृत्य को अंजाम दिया गया था, वह समाज में बर्दाश्त करने योग्य और माफी के लायक बिल्कुल नहीं है। हमने न्यायालय के समक्ष पीड़ित का पक्ष मजबूती से रखा और जमानत न देने का निवेदन किया।”
कोर्ट ने माना मामले को गंभीर, जेल में ही रहेगा आरोपी
माननीय न्यायाधीश ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने और मामले की संवेदनशीलता व गंभीरता को देखते हुए अपना फैसला सुनाया। न्यायालय ने कानून व्यवस्था और जनसुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए आरोपी गोल्डी की जमानत याचिका को सिरे से खारिज कर दिया।
विगत दिनों हुए इस हमले में भाजपा पार्षद पुत्र आकाश यादव गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिसके बाद से पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है। कोर्ट के इस सख्त रुख से अपराधियों में खौफ और आम जनता में न्याय के प्रति विश्वास बढ़ेगा।
आज का विचार
“अपराध और गुंडागर्दी करने वाले चाहे कितने भी रसूखदार क्यों न हों,
कानून के लंबे हाथों और न्याय की चौखट से कभी नहीं बच सकते।”
✍️ रिपोर्ट: पत्रकार कुणाल पासवान

