
बबलू निरापुरे आमला
आमला. शहर में सूअरों का आतंक बढऩे लगा है। जगह-जगह झुंड में विचरण करते सुअर घरों के अंदर घुस जाते हैं। जिससे यह सुअर लोगों के लिए परेशानी का कारण बन गये है। विडंबना है कि शिकायत करने के बावजूद नगरपालिका प्रशासन इस समस्या पर चुप्पी साधे है। महारानी लक्ष्मीबाई वार्ड में रहने वाले विनय यदुवंशी ने बताया कि सुअरों के कारण लोगों का जीना दूभर हो रहा है। सुअर दिनभर गलियों में घूमते है। बार-बार भगाने के बावजूद भी सुअर वापस मोहल्ले में आ जाते है। नपा प्रशासन अगर सुअर मालिकों हिदायत दे तो मोहल्ले में सुअरों से छुटकारा मिल जाएगा। लेकिन नपा प्रशासन के ढीले रवैये के कारण वार्डवासियों को सुअरों के बीच रहने को मजबूर होना पड़ रहा है। हाल यह है कि सूअर घरों के अंदर भी घुस जाते है। कई जगह तो घर के सामने सुअरों ने अपना डेरा बना लिया है। जिससे लोगों में बीमारियां फैलने का भय भी पनपने लगा है। वार्डवासियों ने नगरपालिका से सुअरों को रिहायशी क्षेत्र से दूर भगाने और सुअरों को खुले में छोडऩे वाले सुअर मालिकों पर कार्रवाही की मांग की है।
ठंडे बस्ते में चला गया अभियान ……………….
संक्रमण के खतरे को देखते हुए नगरपालिका प्रशासन द्वारा सुअरों के विचरण को लेकर सख्ती दिखाई थी। सुअरों को पकडऩे सहित सूअरों के मालिकों को बुलाकर सूअरो को बांधकर रखने की हिदायत दी थी। इस अभियान से कुछ दिनों तक लोगों को सुअरों के आतंक से मुक्ति मिली थी, लेकिन बाद में यह अभियान भी ठप पड़ गया और वर्तमान में एक बार फिर से सूअरों के आतंक से लोग परेशान हैं। पूर्व पार्षद राकेश धमोड़े का कहना है कि खुले में जहां भी आवारा सूअर घूम रहे हैं, वहां नगरपालिका को टीम भेजकर सुअरों को बाहर भगाना चाहिए। साथ ही सुअर पालकों को भी हिदायत देना चाहिए, ताकि वार्ड में गंदगी न फैले।
इन क्षेत्रों में अधिक है सूअरों का आतंक …………..
वैसे तो सुअर शहर में हर कही नजर आ जाते है, लेकिन खासकर महारानी लक्ष्मीबाई वार्ड में इनका सबसे ज्यादा आतंक है। वार्ड के शिव मंदिर, कमल भारती की चाल, गायत्री लॉन के पीछे सहित अन्य गलियों में सुअरों के झुंड देखे जा सकते है। सूअरों के कारण बड़ी बीमारियों का भी लोगों में भय बना हुआ है। सूअरों के इस तरह खुले में घूमने से लोगों में स्वाइन फ्लू जैसी बीमारी की दहशत व्याप्त है। सुअरों के कारण लोगों का घर से बाहर निकला भी मुश्किल हो गया है। लेकिन नपा प्रशासन से बार-बार कहने के बाद भी समस्या का समाधान नहीं किया जा रहा। नपा प्रशासन की लापरवाही और अनदेखी की वजह से लोगों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
नालियों में बह रही गंदगी …………..
वार्ड में सुअरों के विचरण का एक कारण नालियों में बहने वाली गंदगी भी है। जिसके कारण सुअर वार्ड की गलियों में घूम रहे है। बताया जाता है कि कई लोगों के सेफ्टिक टैंक की गंदगी नालियों में बहती है। जिससे सुअर नालियों के आसपास मंडराते है और बार-बार भगाने के बाद भी वापस आ जाते है। वार्ड के विनय यदुवंशी का कहना है कि नगरपालिका को ऐसे घर मालिको पर जुर्माना लगाया जाना चाहिए, जिनके घरों के सेफ्टिक टैंक की गंदगी नालियों में बहती है। लेकिन नगरपालिका द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाये जा रहे। जिससे लोगों को सुअरों के आतंक और गंदगी से मुक्ति नहीं मिल पा रही। वार्डवासियों का कहना है कि नगरपालिका की यह अनदेखी न सिर्फ लोगों के लिए, बल्कि स्वच्छता अभियान पर भी भारी पड़ सकती है।
इनका कहना है…………………
आपके द्वारा इस बारे में मुझे जानकारी मिली है अगर वार्ड में सुअर ओर सेफ्टिक टैंक का गंदा पानी नालियों में बह रहा तो सफाई अमले को आज ही भिजवाकर संबंधित पर करवाई की जाएगी।
नीरज श्रीवास्तव सीएमओ आमाला
