नर्मदापुरम/ प्रदीप गुप्ता / गुरूवार के बाद शुक्रवार की जोड़ी तो सप्ताह के दिनों में रहती ही है, लेकिन आज आकाश में गुरू और शुक्र ग्रह जोड़ी बनाते दिखे। पृथ्वी से 86 करोड़ 45 लाख 21 हजार किमी दूर स्थित गुरू और पृथ्वी से 20 करोड़ 39 लाख 90 हजार किमी की आज की दूरी पर स्थित शुक्र इस प्रकार मिलते से नजर आये मानो वे एक ही दूरी पर साथ हों।
विद्याविज्ञान के अंतर्गत सारिका घारू ने कन्जक्शन ऑफ वीनस एंड जुपिटर की खगोलीय घटना के अवलोकन कराने के बाद जानकारी देते हुये बताया कि इनमें से वीनस माईनस 4 मैग्नीट्यूड की चमक के साथ था तो गुरू माईनस 2.1 से चमक रहा था। सारिका ने चार्ट की मदद से बताया कि कंजक्षन की घटना में सूर्य की परिक्रमा करते कि पिंडों को पृथ्वी से देखने पर कई बार इस प्रकार का कोण बनता है जिससे लगता है कि वे आपस में जोड़ी बना रहे हों, जबकि इनकी आपस में दूरी करोड़ो किमी रहती है। कल से इनके बीच की दूरी बढ़ती दिखने लगेगी और कुछ दिन बाद गुरू अस्त हो जायेगा। इन दोनो ग्रहो की जाड़ी फिर से बनते देखने के लिये मानसूनी मौसम में 12 अगस्त 2025 तक का इंतजार करना होगा।
Services And Contact
Contact info : narmadasamay@gmail.com / +917974372722

