इटारसी : प्रेस कांफ्रेंस में एसडीओपी महेंद्र सिंह चौहान ने मीडिया को बताया कि घटना बस स्टैंड पर मौजूद बस एजेंट व चौकीदार ने देखी थी। दिलीप उर्फ मुंगी के साथ मृतक महेंद्र प्रजापति को करीब 2 बजे ठाकुर चाय वाले की टपरिया में साथ-साथ देखा गया था। फिर करीब 2:30 बजे जब चश्मदीद साक्षी वहां से निकले तो मूंगी उर्फ दिलीप धावे घायल महेंद्र प्रजापति को खून से लथपथ टपरिया से बाहर नाली तरफ खींच कर पटक रहा था। लोगों को देखकर आरोपी दिलीप अंधेरे का फायदा उठाकर वहां से भाग गया था मर्ग जांच में आये तथ्यों के आधार पर आरोपी दिलीप उर्फ मुंगी धावे के विरुद्ध अपराध क्रमांक 203/2023 धारा 302 ipc का पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। तत्काल पुलिस टीम द्वारा आरोपी की तलाश पतारसी कर आरोपी दिलीप उर्फ मुंगी पिता बलराम घावे उम्र 35 वर्ष निवासी पीपल मोहल्ला इटारसी को बस स्टेंड से पकड़कर विधिवत पुलिस अभिरक्षा में लेकर पूछताछ की गई। आरोपी ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। आरोपी ने बताया कि दोनों ने साथ-साथ शराब पी व खाना खाने के बाद एक ही स्थान पर टपरिया में सोने व आराम नहीं करने देने की बात को लेकर आपसी विवाद हुआ तथा आरोपी मुंगी उर्फ दिलीप धावे ने महेन्द्र से मारपीट कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया था। मारपीट में प्रयुक्त खून से सना हुआ बांस का डंडा व आरोपी के द्वारा घटना के वक्त पहने कपड़े एवं मृतक का मूल पहचान पत्र आधार कार्ड और ड्रायविंग लायसेंस विधिवत जप्त कर अन्धे कत्ल का पर्दाफाश किया गया, आरोपी को गिरफ्तार कर अब माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है। मृतक के शव को परिजन भाई कमलेश पिता हर हगी प्रजापति एवं अन्य रिस्तेदार के इटारसी आने पर अंतिम संस्कार हेतु शव सुपुर्द किया है। अज्ञात मृतक एवं अज्ञात आरोपी की पहचान कर गिरफ्तार करने में थाना प्रभारी निरीक्षक रामसनेह चौहान के कुशल नेतृत्व में थाना इटारसी के उनि विवेक यादव, उनि राधेश्याम पवार, उपनिरीक्षक केएन रजक, सहायक उनि संजय रघुवंशी, सउनि सुरेन्द्र मालवीय, प्रधान आरक्षक भागवेन्द्र, आरक्षक अविनाशी, हरीश डिगरसे, रविन्द्र उईके, राकेश पवार, मिक्कू यादव की अहम भूमिका रही है।

