नगर पालिका स्कूल को मर्ज करने के लिए नपा ने प्रस्ताव बनाकर भेजा, मंजूरी का इंतजार

शासकीय कन्या शाला में मर्ज होगा नगरपालिका का प्राथमिक ओर माध्यमिक स्कूल
आमला. नगरपालिका का प्राथमिक माध्यमिक स्कूल शासकीय कन्या शाला में मर्ज होगा। इसका प्रस्ताव बनाकर शासन को भेज दिया है। जैसे ही प्रस्ताव को स्वीकृति मिलेगी, नगरपालिका स्कूल में पढऩे वाले बच्चे शासकीय कन्या शाला की कक्षाएं नियमित करेगे। दरअसल हर बच्चे को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिले, इसके लिए सरकार भी निरंतर प्रयासरत है और जानकारों की माने तो शासकीय कन्या शाला के दूसरे चरण में शासकीय कन्या शाला के आसपास के स्कूलों को भी इसमें मर्ज करने का फैसला लिया है। जिसके तहत शासकीय कन्या शाला के पास स्थित नगरपालिका का प्राथमिक माध्यमिक स्कूल के विद्यार्थी भी शासकीय कन्या शाला में मर्ज हो जायेगे। जिससे इन बच्चों को भी अच्छी शिक्षा हासिल करने का मौका मिलेगा। अभी तक नगरपालिका का प्राइमरी स्कूल नपा ही संचालित कर रही थी। यहां नगरपालिका के स्टॉप को शिक्षक के रूप में नियुक्त किया गया था। किन्तु स्कूल के मर्ज होने के बाद नगरपालिका का विद्यालय शासकीय कन्या शाला में बदल जायेगा। स्कूल का स्टॉफ नगरपालिका में वापस लौटेगा। इसका नगरपालिका और स्कूल में पढऩे वाले बच्चों को फायदा मिलेगा।
अभी नपा प्राथमिक माध्यमिक स्कूल में है 34 बच्चे …………
नगरपालिका के प्राथमिक एव माध्यमिक स्कूल में वर्तमान समय कक्षा 1 से 8 तक 34 बच्चे अध्ययनरत है, लेकिन स्कूल मर्ज होने के बाद सभी बच्चे सीएम राइज में पढ़ेगे। शिक्षा विभाग से जुड़े जानकार बताते है कि अभी तक स्कूलों में प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालय अलग-अलग संचालित हो रहे हैं। उनका नाम भी अलग है तो उनका डाइस कोड भी अलग है। ऐसे स्कूलों के परिसर अलग-अलग नाम से संचालित हो रहा है। लेकिन स्कूल शासकीय कन्या शाला में मर्ज होने के बाद स्कूल का डाईज़ कोड एक हो जाएगा। नगरपालिका स्कूल के प्रधान पाठक शिवकुमार गुजरे ने बताया कि शासकीय कन्या शाला में मर्ज किए जाने से स्कूलों को भी फायदा होगा। उन्हें भी मूलभूत सुविधाएं और आर्थिक मदद मिलेगी।
नपा स्कूल मेें पढऩे वाले बच्चों को मिलेगा फायदा ……
नपा का प्राइमरी स्कूल शासकीय कन्या शाला में मर्ज होने से इसका सीधा फायदा स्कूलों के बच्चों को होगा। हालांकि विद्यार्थियों की संख्या कम होने से स्कूल के बच्चों को शासकीय कन्या शाला में शिफ्ट कर स्कूल बंद हो जायेगा। वहीं बच्चों को फर्नीचर, पानी, अलमारी जैसी अन्य सुविधाएं आसानी से मुहैया हो पायेगी। शिक्षा विभाग से जुड़े जानकारों ने बताया कि नपा का प्राथमिक स्कूल मर्ज होकर वन-टू व्यवस्था खत्म होकर अब वे एक ही स्कूल कहलाऐंगे। इससे मूलभूत सुविधाओं में इजाफा होगा। बच्चों को अच्छी पढ़ाई मिलेगी। इससे बच्चों के शिक्षा का स्तर सुधरेगा।
स्टाप वापस होने से कम होगा काम का बोझ ………..
नगरपालिका स्कूल में मौजूदा शिक्षक स्टॉप की नियुक्ति नगरपालिका परिषद द्वारा की गई है। यह स्टॉप वैसे तो नगरपालिका का है, जो बच्चों को पढ़ाने के कार्य में लगे थे। नगरपालिका का स्कूल मर्ज होने के बाद स्कूल में मौजूद स्टॉप नगरपालिका में वापस लौट जायेगा। इससे नगरपालिका के स्टॉप में बढ़ोत्तरी होगी और कर्मचारियों पर पड़ रहे काम के लोड का बोझ भी कम हो जायेगा। फिलहाल प्रस्ताव को मंजूरी मिलने का इंतजार है। स्वीकृति मिलते ही स्कूल के संचालन और व्यवस्था को लेकर प्रक्रिया शुरू कर दी जायेगी।
इनका कहना है …………………
नगरपालिका के प्राथमिक माध्यमिक स्कूल को शासकीय कन्या शाला में मर्ज करने का प्रस्ताव भेज दिया है। मंजूरी मिलते ही बच्चे शासकीय कन्या शाला में मर्ज हो जायेगे। स्कूल स्टॉप नगरपालिका में वापस लौट जायेगा।
शिव कुमार गुजरे, प्रधान पाठक नगरपालिका स्कूल, आमला
नगरपालिका स्कूल को मर्ज करने का प्रस्ताव लिया है। अनुमति के लिए फाइल भेजी है। ज्यादा प्रक्रिया हुई, इस संबंध में शिक्षा विभाग के अधिकारी ज्यादा जानकारी दे पायेगे।
नीरज श्रीवास्तव, सीएमओ, नगरपालिका आमला
नगर पालिका परिषद आमला द्वारा स्कूल को मर्ज किए जाने का प्रस्ताव मिला है जिला शिक्षा अधिकारी को प्रस्ताव भेज दिया है आगे की कार्यवाही वही से होगी
मनीष घोटे बीआरसी अधिकारी आमला
