लोकसभा निर्वाचन-2024 : मतदाता पर्ची लेकर घर-घर पहुंच रहे बीएलओ, 7 मई को मतदान के लिए लोगों को कर रहे जागरूक
आमला। लोकतंत्र के पर्व मनाने की तैयारियों जोरों पर चल रही है। विधानसभा क्षेत्र नगरीय एवं ग्रामीण इलाकों में तरह तरह के कार्यक्रम आयोजित कर मतदाताओं को शत-प्रतिशत मतदान करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। लोकसभा निर्वाचन-2024 अंतर्गत बैतूल हरदा हरसूद संसदीय क्षेत्र 29 में आगामी 7 मई को मतदान होगा। कलेक्टर एवं जिला रिटर्निंग ऑफिसर नरेन्द्र सूर्यवंशी के निर्देशानुसार मतदाताओं के घरों तक मतदाता पर्ची का वितरण किया जा रहा है। बीएलओ मतदाता पर्ची मतदाताओं के घर पहुंचकर दे रहे है तथा मतदाताओं को 7 मई को मतदान के लिए जागरूक भी कर रहे हैं। इसके अलावा बीएलओ के द्वारा प्रत्येक मतदाता को इस बारे में सूचित किया जा रहा है कि मतदाता पहचान पर्ची मतदान के लिए दस्तावेज के रूप में स्वीकार नहीं की जाएगा आमला सारणी विधानसभा में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका सहित का बीएलओ घर घर जाकर मतदाता पर्चियों का वितरण कर रहे है।

मतदान हेतु मतदाता पहचान पत्र या 12 वैकल्पिक
लोकसभा चुनाव में मतदान करने के लिए अपने पहचान पत्र के लिए फोटोयुक्त दस्तावेज साथ रखे। जिनमें आधार कार्ड, मनरेगा जाब कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड, भारतीय पासपोर्ट, फोटोयुक्त पेंशन दस्तावेज, केंद्र/राज्य सरकार/लोक उपक्रम/पब्लिक लिमिटेड कंपनियों द्वारा अपने कर्मचारियों को जारी किए गए फोटोयुक्त सेवा पहचान पत्र, बैंकों/डाकघरों द्वारा जारी फोटोयुक्त पासबुक, एनपीआर के अंतर्गत आरजीआई द्वारा जारी स्मार्ट कार्ड, श्रम मंत्रालय की योजना के अंतर्गत जारी स्वास्थ्य बीमा स्मार्ट कार्ड, सांसदों/विधायकों/विधान परिषद सदस्यों को जारी किए गए सरकारी पहचान पत्र और भारत सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय द्वारा दिव्यांगजनों को जारी यूनिक डिसएबिलिटी आईडी (यूडीआईडी) कार्ड पहचान पत्र में कोई भी एक दिखाकर मतदान कर सकेंगे।

कम मतदान प्रतिशत वाले शहरी और ग्रामीण मतदान केंद्रों पर जागरूकता अभियान को लेकर विशेष फोकस
आमला सारणी विधानसभा क्षेत्र 130 के सहायक रिटर्निंग ऑफिसर शेलेन्द्र बड़ोनिया ने सीएमओ, वीरेन्द्र तिवारी, मुख्य कार्यपालन अधिकारी संजीत श्रीवास्तव, तहसीलदार पूनम साहू, सहायक परियोजना अधिकारी राकेश त्रिवेदी, की बैठक ली। बैठक में सहायक रिटर्निंग ऑफिसर शैलेन्द्र बड़ोनिया ने कहा कि मतदान केंद्रों में मतदान का प्रतिशत पिछले लोकसभा चुनावों में तुलनात्मक रूप से कम रहा है वहां मतदाता जागरूकता को लेकर विशेष रूप से अभियान चलाया जाए। ऐसे करीब मतदान केंद्र चिन्हांकित किए गए है। इसमें शहरी और ग्रामीण इलाकों के मतदान केंद्र शामिल है। ग्रामीण इलाकों के पोलिंग सेंटर्स में भी खास तौर पर मतदाता जागरूकता का कार्यक्रम चलाने के निर्देश दिए गए हैं। जनपद पंचायतों के द्वारा पूरे विधानसभा में न्योता द्वार-द्वार अभियान चलाया जा रहा है। श्री बड़ोनिया ने कहा कि हमारा प्रयास हो कि हम हर मतदाता तक पहुंच कर उन्हें मतदान के लिए प्रेरित करें।
