सुरक्षा मानकों की अनदेखी करने वाली बसों पर आरटीओ का डंडा: जुर्माना वसूला, बिना परमिट चल रही बस जब्त I
नर्मदापुरम। क्षेत्र में यात्रियों की सुरक्षा से खिलवाड़ करने वाले बस संचालकों के खिलाफ परिवहन विभाग ने कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है। आज आरटीओ (क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय) की टीम ने नर्मदापुरम में औचक चेकिंग अभियान चलाकर सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वाली बसों पर ताबड़तोड़ कार्रवाई की। इस दौरान नियमों को ताक पर रखकर दौड़ती मिली बसों पर भारी-भरकम जुर्माना लगाया गया और एक बस को जब्त भी किया गया।
इन नियमों की उड़ाई जा रही थी धज्जियां
चेकिंग के दौरान बसों में सुरक्षा से जुड़ी कई गंभीर कमियां पाई गईं। आरटीओ टीम ने पाया कि कई बसों में आपातकालीन स्थितियां से निपटने के इंतजाम ही नहीं थे। मुख्य रूप से निम्नलिखित अनियमितताएं सामने आईं:
-
अग्निशामक यंत्र (Fire Extinguisher) का न होना
-
मेडिकल बॉक्स (First Aid Kit) का गायब मिलना
-
वीएलटी (Vehicle Location Tracking) और पैनिक बटन का चालू न होना
-
इमरजेंसी गेट (Emergency Exit) के पास अवरोध होना या सही स्थिति में न होना
-
यात्रियों की जानकारी के लिए अनिवार्य ‘किराया सूची’ का प्रदर्शित न होना
कार्रवाई का लेखा-जोखा: वसूला लाखों का राजस्व
परिवहन विभाग की इस औचक कार्रवाई से बस संचालकों में हड़कंप मच गया। टीम ने सड़क पर उतरकर एक-एक कर वाहनों की सघन जांच की। कार्रवाई के मुख्य बिंदु इस प्रकार रहे:
-
कुल जांचे गए वाहन: टीम ने लगभग 26 वाहनों को रोककर उनके दस्तावेज और सुरक्षा मानकों की बारीकी से जांच की।
-
चालानी कार्रवाई: नियमों का उल्लंघन करने वाले 6 वाहनों पर तत्काल सख्त कार्रवाई करते हुए 21,000 रुपये का चालान काटा गया।
-
टैक्स चोरी पर बड़ा एक्शन: चेकिंग के दौरान एक बस बिना टैक्स चुकाए सड़कों पर दौड़ती मिली। आरटीओ ने इस पर सख्त रुख अपनाते हुए मौके पर ही 1,14,000 रुपये का बकाया टैक्स और जुर्माना वसूला।
-
बिना परमिट बस जब्त: नियमों को पूरी तरह ताक पर रखकर बिना वैध परमिट के संचालित की जा रही एक बस को टीम ने मौके पर ही जब्त कर लिया और आरटीओ कार्यालय परिसर में खड़ा करवा दिया।
“लापरवाही बर्दाश्त नहीं, कार्रवाई आगे भी रहेगी जारी” — आरटीओ
मामले की जानकारी देते हुए आरटीओ अधिकारियों ने साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि यात्रियों की सुरक्षा के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। सुरक्षा मानकों के विरुद्ध, बिना परमिट या बिना टैक्स चुकाए संचालित होने वाले वाहनों पर आने वाले दिनों में और भी सख्ती से कार्रवाई जारी रहेगी।
आज का विचार
“व्यावसायिक लाभ कमाने की होड़ में यात्रियों की सुरक्षा और उनके जीवन को दांव पर लगाना बेहद चिंताजनक है। बसों में पैनिक बटन, इमरजेंसी गेट और अग्निशामक यंत्र जैसे साधन कोई कागजी औपचारिकता नहीं, बल्कि संकट के समय किसी की जिंदगी बचाने के मुख्य आधार हैं। परिवहन विभाग की यह सख्ती केवल एक दिन का अभियान न बनकर एक निरंतर चलने वाली प्रक्रिया बननी चाहिए, ताकि हर सफर पूरी तरह सुरक्षित हो सके।”
रिपोर्ट: पत्रकार कुणाल पासवान

