शिक्षा के अग्रदूत महात्मा ज्योतिबा फुले की जयंती पर अहिरवार समाज ने दी भावांजलि l
इटारसी: स्थानीय नाला मोहल्ला स्थित भगत सिंह नगर में अहिरवार समाज द्वारा समाज सुधारक और शिक्षा के अलख जगाने वाले महात्मा ज्योतिबा राव फुले की जयंती श्रद्धापूर्वक मनाई गई। कार्यक्रम की शुरुआत महात्मा फुले के तैलचित्र पर पुष्पमाला अर्पित कर और दीप प्रज्वलन के साथ हुई।
शिक्षा और सामाजिक सुधारों पर चर्चा
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता श्री विनोद लोंगरे ने महात्मा फुले के संघर्षों को याद करते हुए कहा कि उन्होंने अत्यंत विषम परिस्थितियों में दलितों और पिछड़ों के लिए शिक्षा के द्वार खोले। उन्होंने आगे कहा:
“महात्मा फुले ने न केवल सत्य शोधक समाज की स्थापना की, बल्कि बाल विवाह जैसी कुरीतियों पर रोक लगाने और विधवा विवाह को प्रोत्साहन देने में ऐतिहासिक भूमिका निभाई। समाज का अंतिम पंक्ति का व्यक्ति उनके इन कार्यों के लिए सदैव उनका ऋणी रहेगा।”
वहीं, कन्हैया बामने ने अपने संबोधन में इस बात पर जोर दिया कि किसी भी समाज का वास्तविक उद्धार और प्रगति केवल शिक्षा के माध्यम से ही संभव है।
गणमान्य जनों की उपस्थिति
कार्यक्रम का सफल संचालन रोहित अहिरवार द्वारा किया गया, जबकि अंत में आभार प्रदर्शन गोपाल मंसूरे ने किया। इस अवसर पर मुख्य रूप से निम्नलिखित सामाजिक कार्यकर्ता और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे:
श्री मनोज बामने
संजय मंडराई
प्रहलाद निकम
ओमप्रकाश साकले
घनश्याम सालोकी (मामू)
सोनू बकोरिया
विकास अहिरवार
विजय राव
रिपोर्ट: कुणाल पासवान

