नर्मदापुरम / तृतीय जिला एवं सत्र न्यायाधीश इटारसी श्रीमती सुशीला वर्मा द्वारा आज दिनांक 12.03.2025 को आरोपी बनवारी लाल धुर्वे पिता छोटे राम धुर्वे उम्र 22 साल नि कोहदा, इटारसी को नाबालिग लडकी के आत्महत्या के दुष्प्रेरण एवं उसके साथ दुष्कर्म करने के आरोप मे दोषी पाते हुये धारा 376(3) भादवि मे 20 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 2000 रू का अर्थदंड, धारा 305 भादवि में 10 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 2000 रू का अर्थदंड, धारा 363 भादवि मे 7 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 1000 रू का अर्थदंड, 5(एम)/6 पॉक्सो एक्ट मे 20 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 2000 रू का अर्थदंड 3/4 पॉक्सो एक्ट 20 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 3000 रू का अर्थदंड कुल 10,000 रू अर्थदंड से दण्डित किया। जिला अभियोजन अधिकारी राजकुमार नेमा ने बताया कि थाना केसला पर दिनाकं 18/03/2022 को मृतिका नाबालिग उम्र 15 वर्ष के परिजन द्वारा सूचना दी गयी कि मृतिका की लाश खारदेव बाबा की पहाडी के पास मिली है। इसकी सूचना मिलने पर थाना केसला के उपनिरीक्षक एमएल सूर्यवंशी द्वारा घटनास्थल पहुंचकर मर्ग कायम किया और मृतिका की लाश को पोस्टमार्टम हेतु भिजवाया। पुलिस अधिकारी द्वारा घटनास्थल से खूनआलूदा एवं सादी मिटटी, मृतिका के फटे कपड़े, दुपटटा, नाड़ा जप्त किया तथा मृतिका के परिजनो के कथन लेखबद्ध किये परिजनो ने बताया कि दिनांक 16्.3.22 को मृतिका कक्षा नौवी की परीक्षा के लिये स्कूल गयी थी, परीक्षा के बाद वह वापस नहीं आयी। मृतिका की सहेली ने बताया कि बनवारी लाल धुर्वे मृतिका को खारदेव बाबा की पहाडी के मंदिर पर घुमाने फिराने का बोलकर अपने साथ ले गया है तब वह बनवारी धुर्वे के घर पहुंचे वहा मृतिका एवं बनवारी नहीं मिले। परिजनो द्वारा बताया गया कि मृतिका ने उन्हे बताया था कि बनवारी धुर्वे ने मृतिका से शादी करने का कहकर शारीरिक संबंध बनाये थे किंतु बनवारी शादी नही कर रहा था। इसी कारण मृतिका उदास रहने लगी और बोलती थी कि यदि बनवारी धुर्वे मृतिका से शादी नहीं करेगा तो वह मर जायेगी। मृतिका का बनवारी से संबध होने के कारण समाज मे बदनामी होने के कारण वह उदास एवं परेशान रहने लगी थी। मृतिका को उसके परिजनो ने बहुत समझाया था और बनवारी से बात भी की थी। विवेचना के दौरान पाया गया कि दिनांक 16.3.22 को मृतिका को अभियुक्त खारदेव बाबा की पहाडी के पास जंगल ले गया। उसके साथ दुष्कर्म किया तथा शादी का मना करने के कारण मृतिका द्वारा पहाडी से कूदकर आत्महत्या की गयी। मृतिका के शव का पोस्टमार्टम किया गया। मृतिका एवं अभियुक्त से संबंधित वैज्ञानिक साक्ष्य संकलित कर एफएसएल भेजे गये। एफएसएल द्वारा डीएनए परीक्षण से बलात्संग की पुष्टि हुयी। पुलिस द्वारा विवेचना पश्चात अभियोग पत्र न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया। पैरवी कर्ता अतिरिक्त जिला अभियोजन अधिकारी एच. एस. यादव द्वारा अभियोजन साक्षियो का न्यायालय के समक्ष परीक्षण कराकर साक्ष्य प्रस्तुत की गयी। न्यायालय द्वारा अभियुक्त के विरूद्ध प्रस्तुत साक्ष्य को विश्वसनीय मानते हुये आरोपी को दंडित किया गया।
सजा का विवरणः-
न्यायालय :- तृतीय जिला एवं सत्र न्यायाधीश इटारसी
आरोपी का नाम
धारा
सजा
अर्थदण्ड
जुर्माने के व्यतिक्रम में
बनवारी लाल धुर्वे..
धारा 376(3) भादवि
20 वर्ष का सश्रम कारावास
2000 रू का अर्थदंड
6 माह का सश्रम कारावास
305 भादवि..
10 वर्ष का सश्रम कारावास
2000 रू का अर्थदंड
6 माह का सश्रम कारावास
363 भादवि..
7 वर्ष का सश्रम कारावास
1000 रू का अर्थदंड
6 माह का सश्रम कारावास
5(एम)/6 पॉक्सो एक्ट..
20 वर्ष का सश्रम कारावास
2000 रू का अर्थदंड
6 माह का सश्रम कारावास
3/4 पॉक्सो एक्ट..
20 वर्ष का सश्रम कारावास
3000 रू का अर्थदंड
6 माह का सश्रम कारावास

