टीकमगढ़। कलेक्टर विवेक श्रोत्रिय ने शुक्रवार 03 अप्रैल 2026 को जिले की ग्राम पंचायतों के नवाचार अंडरग्राउंड ड्रेनेज सिस्टम का ग्राम पंचायत राधापुर एवं नन्ही टेहरी में निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कार्य की गुणवत्ता, घरों के बाहर निर्मित चैंबर एवं ग्रे वाटर के प्रबंधन की प्रणाली का बारीकी से अवलोकन किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने स्थानीय ग्रामीणों से चर्चा कर उनकी समस्याओं और सुझावों को सुना। ग्रामीणों ने अंडरग्राउंड ड्रेनेज सिस्टम से होने वाले लाभ एवं अनुभव साझा किए। इस दौरान कलेक्टर विवेक श्रोत्रिय ने ग्राम पंचायत नन्ही टेहरी में भी निर्माणाधीन अंडरग्राउंड ड्रेनेज सिस्टम का निरीक्षण किया । कलेक्टर के अनुसार अंडरग्राउंड ड्रेनेज सिस्टम टीकमगढ़ जिले की ग्राम पंचायतों का सकारात्मक नवाचार है इसे जिले की समस्त ग्राम पंचायतों अपनाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता एवं जल निकासी की बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित करना प्राथमिकता है, जिससे लोगों को बेहतर जीवनशैली एवं स्वास्थ्य की उच्चतर व्यवस्थाएं प्राप्त हो सकें। मध्यप्रदेश का टीकमगढ़ जिला आज ग्रामीण स्वच्छता एवं ग्रे वॉटर प्रबंधन के क्षेत्र में एक अभिनव उदाहरण प्रस्तुत कर रहा है। यहाँ ग्राम पंचायतों में चैंबर आधारित अंडरग्राउंड ड्रेनेज सिस्टम विकसित किया जा रहा है, जो ग्रामीण क्षेत्रों में गंदे पानी के वैज्ञानिक प्रबंधन की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल है। अक्सर ग्राम पंचायतों का कार्य केवल भवन निर्माण तक सीमित समझा जाता है, किन्तु टीकमगढ़ ने यह सिद्ध किया है कि पंचायतें यदि संकल्प लें तो वे “निर्माण आधारित नहीं बल्कि परिणाम आधारित विकास कर सकती हैं। जिले की ग्राम पंचायतों द्वारा ग्रे वॉटर के बेहतर प्रबंधन हेतु चैंबर आधारित अंडरग्राउंड ड्रेनेज विकसित किया जा रहा है जो ग्रे वॉटर प्रबंधन की दिशा में एक बड़ा कदम सिद्ध हुआ है। ग्रे वॉटर के बेहतर प्रबंधन के लिए घरों के बाहर सिल्ट चैंबर बनाए गए हैं, जिनमें घरों से किचिन और वॉशरूम से आने वाले ग्रे वॉटर को जोड़ा गया है। सभी चैंबर्स को 08 इंच के पाइप से आपस में जोड़ा गया है। सिल्ट चैंबर्स को ढका गया है, जिससे ड्रेनेज अंडरग्राउंड हो गया है। ड्रेनेज के अंतिम बिंदु पर लीच पिट बनाकर ग्रे वॉटर का अंतिम और व्यवस्थित निष्पादन किया जाएगा। ज्ञात हो कि टीकमगढ़ जिले की 162 ग्राम पंचायतों के द्वारा ग्रे वॉटर के बेहतर प्रबंधन के लिए नवाचार करते हुए चैंबर आधारित अंडरग्राउंड ड्रेनेज विकसित किया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान तहसीलदार बड़ागांव पलक जैन , जिला समन्वयक जिला पंचायत मनीष जैन एव संबंधित विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

