दिल्ली में गूंजा मध्य प्रदेश का नाम: रोहित दुबे को पुनः कमान, नर्मदापुरम की सक्रियता ने खींचा ध्यानl
नई दिल्ली / नर्मदापुरम: राजधानी दिल्ली के ऐतिहासिक जंतर-मंतर पर आयोजित अखिल भारत हिन्दू महासभा के 111वें स्थापना दिवस ने मध्य प्रदेश की संगठनात्मक राजनीति में एक नई ऊर्जा का संचार कर दिया है। इस भव्य कार्यक्रम में संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष रविन्द्र कुमार द्विवेदी ने एक बड़ा निर्णय लेते हुए रोहित दुबे पर पुनः विश्वास जताया और उन्हें फिर से मध्य प्रदेश अध्यक्ष की कमान सौंपी।
नर्मदापुरम का बढ़ा कद
इस राष्ट्रीय आयोजन में नर्मदापुरम जिले का प्रतिनिधित्व विशेष चर्चा का केंद्र रहा। जिला अध्यक्ष उमेष कुमार चौधरी की मजबूत और सक्रिय मौजूदगी ने न केवल जिले की सांगठनिक शक्ति का प्रदर्शन किया, बल्कि राष्ट्रीय मंच पर यह भी स्पष्ट कर दिया कि नर्मदापुरम में संगठन की जड़ें काफी गहरी और प्रभावी हो चुकी हैं।
मिशन मोड में संगठन: गांव-गांव, घर-घर तक पहुंचने का संकल्प
नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष रोहित दुबे ने मंच से कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए अपने भविष्य के रोडमैप को स्पष्ट किया। उन्होंने कहा:
“यह केवल एक पद नहीं, बल्कि एक मिशन है। अब हमें संगठन को केवल शहरों तक सीमित नहीं रखना है, बल्कि इसे गांव-गांव और घर-घर तक पहुंचाकर हिंदू समाज को एक सूत्र में पिरोना है।”
प्रमुख मांगें और जोश भरा माहौल
हजारों कार्यकर्ताओं की उपस्थिति में कार्यक्रम स्थल “जय श्रीराम” के नारों से गुंजायमान रहा। इस दौरान दो प्रमुख प्रस्तावों पर विशेष बल दिया गया:
गौहत्या पर देशभर में पूर्ण प्रतिबंध।
भारत को संवैधानिक रूप से हिंदू राष्ट्र घोषित करना।
निष्कर्ष
दिल्ली से मिले इस नए नेतृत्व और नर्मदापुरम जिले की दमदार भागीदारी ने यह साफ कर दिया है कि आने वाले समय में मध्य प्रदेश में संगठन एक नई आक्रामकता और स्पष्ट दिशा के साथ कार्य करेगा। उमेष कुमार चौधरी के नेतृत्व में जिले के कार्यकर्ताओं में इस घोषणा के बाद भारी उत्साह देखा जा रहा है।

