मतदाता सूची पुनरीक्षण: जेंडर रेशों सुधारने पर बीएलओ होंगे सम्मानित, बैठक में दिए जरूरी निर्देश I
सिवनी मालवा। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार, 1 अप्रैल 2024 की अर्हता तिथि के आधार पर 18 वर्ष की आयु पूर्ण करने वाले युवाओं के नाम मतदाता सूची में जोड़ने के लिए पुनरीक्षण कार्य 15 अप्रैल 2026 से शुरू होने जा रहा है। इसी तारतम्य में स्थानीय सरदार वल्लभ भाई पटेल मांगलिक भवन में अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) विजय राय की अध्यक्षता में बीएलओ और सुपरवाइजरों की महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई।
10 अप्रैल तक पूर्ण करना होगा ‘डीएसई’ का निराकरण
बैठक में एसडीएम विजय राय ने स्पष्ट निर्देश दिए कि पुनरीक्षण कार्य शुरू होने से पूर्व सभी बीएलओ को अपने मतदान केंद्रों की डी एस ई (DSE), जो बीएलओ ऐप पर प्रदर्शित हो रही है, उसका निराकरण 10 अप्रैल तक अनिवार्य रूप से पूर्ण करना है।
जेंडर रेशों पर विशेष ध्यान, मिलेगा सम्मान
निर्वाचन रजिस्ट्रीकरण अधिकारी ने बैठक में चिंता जताते हुए बताया कि जिले का जेंडर रेशों 942 है, जबकि विधानसभा क्षेत्र क्रमांक 136 सिवनी मालवा का जेंडर रेशों मात्र 926 है, जो काफी कम है। इसे बढ़ाने के उद्देश्य से निर्वाचन विभाग ने प्रोत्साहन की घोषणा की है। बेहतर जेंडर रेशों सुनिश्चित करने वाले 1 बीएलओ को राज्य स्तर, 10 को जिला स्तर और 50 बीएलओ को विकासखंड स्तर पर आगामी मतदाता दिवस (25 जनवरी 2027) को सम्मानित किया जाएगा।
दस्तावेजों की अनिवार्यता: आधार कार्ड जन्म तिथि के लिए मान्य नहीं
मास्टर ट्रेनर प्रकाश व्यास ने प्रशिक्षण के दौरान मतदाता सूची में नाम जोड़ने, हटाने और संशोधन की प्रक्रिया विस्तार से समझाई:
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प्रारूप 6: नाम जोड़ने के लिए।
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प्रारूप 7: नाम विलोपन (मृत्यु, शिफ्ट या स्थानांतरित मामलों में)।
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प्रारूप 8: संशोधन की कार्रवाई के लिए।
विशेष रूप से निर्देशित किया गया कि आवेदन के साथ तीन अलग-अलग दस्तावेज प्राप्त करें। ध्यान रहे कि आधार कार्ड केवल पता प्रमाणीकरण के लिए मान्य होगा, उसे जन्म तिथि के प्रमाण के तौर पर स्वीकार नहीं किया जाएगा।
बैठक में निर्वाचन कार्यालय प्रभारी पंकज परसाई, निर्वाचन मीडिया प्रभारी राममोहन रघुवंशी, सहायक पुष्पराज पटेल सहित सभी बीएलओ और सुपरवाइजर उपस्थित रहे।
आज का विचार:
“लोकतंत्र की मजबूती जागरूक मतदाता और निष्पक्ष प्रक्रिया में निहित है। आपका एक सही पंजीकरण राष्ट्र के भविष्य का आधार बनता है।”
रिपोर्ट: कुणाल की कलम

