सड़क हादसे के घायलों से मिले कलेक्टर और एसपी; पीड़ितों को हर संभव मदद का दिलाया भरोसा I
नर्मदापुरम: नर्मदापुरम-पिपरिया स्टेट हाईवे पर हुए भीषण सड़क हादसे के बाद जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। घटना की सूचना मिलते ही कलेक्टर सोमेश मिश्रा और पुलिस अधीक्षक साईं कृष्ण एस. थोटा ने तत्परता दिखाते हुए विभिन्न अस्पतालों में भर्ती घायलों से मुलाकात की और उनका हालचाल जाना। इस दुखद हादसे में जान गंवाने वाले मृतकों के परिजनों से मिलकर अधिकारियों ने गहरी संवेदना व्यक्त की।
अस्पतालों का दौरा कर जाना घायलों का हाल
कलेक्टर मिश्रा ने जिला अस्पताल सहित शहर के निजी अस्पतालों (संजीवनी, मालवी और पांडे हॉस्पिटल) का सघन दौरा किया। उन्होंने आईसीयू और जनरल वार्ड में जाकर मरीजों से बात की और डॉक्टरों को घायलों के उपचार में किसी भी प्रकार की कमी न छोड़ने के सख्त निर्देश दिए।
मुफ्त और गुणवत्तापूर्ण इलाज के निर्देश
कलेक्टर ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देशित किया कि सभी घायलों का उपचार आयुष्मान योजना और प्रधानमंत्री राहत योजना के तहत सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा:
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मरीजों और परिजनों को इलाज के दौरान किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए।
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निजी अस्पतालों के साथ बेहतर समन्वय बनाकर प्राथमिकता के आधार पर इलाज मुहैया कराया जाए।
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दवाइयों, आईसीयू सुविधाओं और पोस्टमार्टम प्रक्रिया में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इस दौरान कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि प्रशासन इस कठिन समय में पीड़ितों के साथ मजबूती से खड़ा है। निरीक्षण के समय डिप्टी कलेक्टर डॉ. बबीता राठौर, एसडीओपी जितेंद्र पाठक सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद रहे।
पत्रकार कुणाल पासवान इटारसी
कुणाल की कलम से
“सड़क हादसे न केवल शारीरिक चोट देते हैं,
बल्कि परिवारों को मानसिक और आर्थिक रूप,
से भी झकझोर देते हैं। ऐसे समय में प्रशासन की,
संवेदनशीलता और हमारी सतर्कता ही सबसे बड़ा सहारा बनती है।”

