सिवनी मालवा पुलिस की बड़ी सफलता: मोबाइल गिरते ही खातों से साफ किए ₹2.78 लाख, अंतर्राज्यीय सायबर ठगों का गिरोह गिरफ्तार I
नर्मदापुरम/इटारसी। जिला पुलिस अधीक्षक डॉ. गुरकरण सिंह (साई कृष्णा थोटा) ने प्रेस वार्ता के दौरान सायबर ठगी के एक सनसनीखेज मामले का खुलासा किया। थाना सिवनी मालवा पुलिस ने त्वरित कार्यवाही करते हुए एक ऐसे गिरोह को दबोचा है, जो मोबाइल चोरी या गुम होने के बाद बैंकिंग डेटा का दुरुपयोग कर खातों से रकम पार कर देता था।
क्या था मामला?
ग्राम रुपादेह निवासी फरियादी नर्मदा प्रसाद रघुवंशी का मोबाइल फोन 9 फरवरी को बाजार में कहीं गिर गया था। फरियादी ने जब नई सिम ली और 13 फरवरी को बैंक पहुंचे, तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। उनके एक्सिस बैंक खाते से ₹1,73,000 और एसबीआई खाते से ₹1,05,000, यानी कुल ₹2,78,000 अज्ञात बदमाशों ने निकाल लिए थे। फरियादी की रिपोर्ट पर पुलिस ने बीएनएस की धारा 318(4) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
वारदात का तरीका (Modus Operandi)
आरोपियों ने फरियादी का मोबाइल हाथ लगते ही उसकी सिम और यूपीआई (UPI) जानकारी का दुरुपयोग किया। चालाकी दिखाते हुए उन्होंने सीधे पैसे निकालने के बजाय हरदा जिले के छीपाबड़, मालदा और हरदा स्थित विभिन्न एमपी ऑनलाइन कियोस्क सेंटरों का सहारा लिया। आरोपियों ने कियोस्क संचालकों के माध्यम से टुकड़ों में ट्रांजेक्शन किए ताकि पुलिस की पकड़ में न आ सकें।
पुलिस की घेराबंदी और गिरफ्तारी
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी के निर्देशन व एएसपी अभिषेक राजन, डीएसपी महेंद्र सिंह चौहान और थाना प्रभारी सुधाकर बारस्कर के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। सायबर सेल की मदद से तकनीकी साक्ष्य जुटाए गए और आरोपियों को अलग-अलग ठिकानों से गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार मुख्य आरोपी:
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अनुज यादव (44): निवासी बालाघाट।
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आर्यन यादव (22): निवासी बालाघाट (वर्तमान पता छत्तीसगढ़)।
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अंकुश उर्फ नरेंद्र (20): निवासी रायपुर, छत्तीसगढ़।
सहयोगी कियोस्क संचालक (हरदा जिला): पुलिस ने इस मामले में उन कियोस्क संचालकों को भी चिन्हित किया है जिन्होंने नियमों की अनदेखी कर ट्रांजेक्शन में मदद की, जिनमें संदीप साहू (टिमरनी), राजेश पटनारे (सिराली), शीष कलम (छीपाबड़) और शिव गोपाल मालवीय (मालदा) शामिल हैं।
टीम को मिलेगा पुरस्कार
इस सफल खुलासे में निरीक्षक सुधाकर बारस्कर, प्रधान आरक्षक प्रीतम बाबरिया, आरक्षक संदीप यदुवंशी, दीपेश सोलंकी, प्रशांत राजपूत (सायबर सेल), सउनि बलराम सिरसाम, सुरेश पांडे, सुनील जाट और विजय धार्मिक की सराहनीय भूमिका रही। एसपी ने पूरी टीम को नगद पुरस्कार से पुरस्कृत करने की घोषणा की है।
जनहित में जारी संदेश:
यदि आपका मोबाइल गुम हो जाए, तो सबसे पहले अपने बैंक को सूचित कर यूपीआई सेवाएं और सिम कार्ड ब्लॉक करवाएं, ताकि आपकी जमा पूंजी सुरक्षित रह सके।
पत्रकार-कुणाल पासवान
Mob-7581988260


