अवैध शराब के विरुद्ध आक्रोश: मोरपानी सरपंच और ग्रामीणों ने थाना केसला में सौंपा ज्ञापन
केसला/नर्मदापुरम: क्षेत्र में पैर पसार रही अवैध शराब और शराब माफियाओं की मनमानी के विरुद्ध अब ग्रामीण लामबंद होने लगे हैं। आज मोरपानी सरपंच के नेतृत्व में बड़ी संख्या में क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों और महिलाओं ने थाना केसला पहुँचकर पुलिस को ज्ञापन सौंपा और कड़ी कार्रवाई की मांग की।
युवा पीढ़ी और आर्थिक स्थिति पर प्रहार
ज्ञापन सौंपते समय मोरपानी सरपंच हेमराज उईके ने गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि क्षेत्र में अवैध शराब की सुलभ उपलब्धता के कारण युवाओं में नशे की लत बढ़ रही है। उन पर अंकुश लगाना कठिन होता जा रहा है, जिससे न केवल सामाजिक परिवेश बिगड़ रहा है बल्कि गरीब परिवारों को भारी आर्थिक हानि का सामना करना पड़ रहा है।
हाइवे पर ‘अवैध चेकिंग’ से बढ़ा तनाव
सरपंच संघ के जिला उपाध्यक्ष दुर्गेश धुर्वे (कास्दा खुर्द) ने एक गंभीर मुद्दे की ओर ध्यान आकर्षित करते हुए बताया कि:
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शराब ठेकेदार के कारिंदे नेशनल हाईवे पर चलती गाड़ियों को रोककर अवैध रूप से चेकिंग करते हैं।
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इस गैर-कानूनी प्रक्रिया से ग्रामीणों में भारी रोष है और किसी भी समय बड़ी अप्रिय घटना या विवाद होने की आशंका बनी रहती है।
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पूर्व में भी इस संबंध में संगठन के माध्यम से शिकायतें की जा चुकी हैं, किंतु अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला है।
बड़ी आंदोलन की चेतावनी
ग्रामीणों ने स्पष्ट किया है कि यदि अवैध शराब की बिक्री और ठेकेदार के लोगों द्वारा की जा रही अवैध चेकिंग पर तत्काल रोक नहीं लगाई गई, तो ब्लॉक के सभी सरपंच एकजुट होकर कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपेंगे और उग्र आंदोलन के लिए विवश होंगे।
उपस्थिति: इस दौरान विकास सेलुकर, मोहनलाल बरखने, सेववेती बाई, रुक्मणी बाई, शिवराज ठाकुर, गुलाब उईके, भभूत सिंह ठाकुर, सुनीता बाई, सुशीला बाई, पार्वती, महेश ठाकुर, लक्ष्मीनारायण कटारे सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण जन उपस्थित रहे।
कुणाल की कलम से
“नशा केवल एक व्यक्ति को नहीं, बल्कि पूरे परिवार और आने वाली पीढ़ी को खोखला कर देता है। जब ग्रामीण महिलाएं और जनप्रतिनिधि सड़कों पर उतरते हैं, तो यह शासन-प्रशासन के लिए एक स्पष्ट चेतावनी है कि सामुदायिक सुरक्षा से समझौता अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
रिपोर्ट: पत्रकार कुणाल पासवान

